बिलासपुर में बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश: ऑफिस खोलकर चुरा रहे थे लोगों का पर्सनल डाटा, फर्जी लोन के नाम पर ठगी, पुलिस ने कसा शिकंजा..

बिलासपुर। शहर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक बेहद शातिर गिरोह का पर्दाफाश किया है। यह गिरोह बाकायदा एक फर्जी ऑफिस चलाकर आम नागरिकों को अपनी ठगी का शिकार बना रहा था। लोगों को फोन पर फर्जी लोन का झांसा देकर फंसाने वाले इस बड़े रैकेट का पुलिस ने भंडाफोड़ कर दिया है।

सीएसपी निमितेश सिंह ने इस पूरी कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को एक सूचना मिली थी। सूचना थी कि इलाके में कुछ लोग एक कार्यालय खोलकर बैठे हैं और वहां से संदिग्ध काम कर रहे हैं। ये लोग अलग-अलग माध्यमों से आम लोगों की निजी जानकारियां, फोन नंबर और पहचान पत्र हासिल कर रहे थे। जब लोगों का पूरा डाटा इनके पास आ जाता था, तो गिरोह के सदस्य लगातार फोन करके लोगों को फर्जी लोन देने का लालच देते थे और ठगी के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपनाते थे।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल जांच शुरू कर दी। जांच के दौरान जो खुलासा हुआ, उसने पुलिस को भी हैरान कर दिया। पुलिस को पता चला कि इस शातिर गिरोह के पास हजारों की संख्या में लोगों के फोन नंबर मौजूद हैं। वे न सिर्फ इन नंबरों का इस्तेमाल लोगों को धोखा देने के लिए कर रहे थे, बल्कि जांच में यह भी सामने आया कि लोगों के इन नंबरों और डाटा को गिरोह द्वारा बेचा भी जा रहा था।

इस गंभीर मामले को तुरंत संज्ञान में लेते हुए सिविल लाइन पुलिस ने कड़ा एक्शन लिया है। पुलिस ने आईटी एक्ट की धारा 72 ए, 318(4) बीएनएस और 65 बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर लिया है। सीएसपी निमितेश सिंह ने स्पष्ट किया है कि मामले की गहन विवेचना की जा रही है। इसके साथ ही पुलिस अब यह भी बारीकी से जांच रही है कि क्या इस फर्जी ऑफिस और शातिर रैकेट का कोई सीधा संबंध किसी बड़े साइबर फ्रॉड से भी है।