बिलासपुर-कटनी रेल मार्ग के भनवारटंक भोगदा का बताया जा रहा वीडियो, वन विभाग को दी गई सूचना; वायरल वीडियो की आधिकारिक पुष्टि बाकी..

बिलासपुर। बिलासपुर-कटनी रेल मार्ग पर रेलवे टनल के भीतर तेंदुए के दौड़ते हुए दिखाई देने का एक वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में एक तेंदुआ रेलवे ट्रैक पर दौड़ता हुआ नजर आ रहा है। बताया जा रहा है कि ड्यूटी पर मौजूद ट्रेन के गार्ड ने इस रोमांचक नजारे को अपने कैमरे में कैद किया। वायरल वीडियो को भनवारटंक भोगदा क्षेत्र का बताया जा रहा है, हालांकि इसकी स्वतंत्र और आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
वायरल वीडियो सामने आने के बाद रेलवे और वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है। वीडियो में देखा जा सकता है कि तेंदुआ टनल के भीतर रेलवे पटरी पर आगे की ओर भाग रहा है। दावा किया जा रहा है कि ट्रेन चालक की सतर्कता और समय रहते ट्रेन की गति नियंत्रित किए जाने से तेंदुआ ट्रेन की चपेट में आने से बच गया। यदि ट्रेन की रफ्तार अधिक होती और समय पर सावधानी नहीं बरती जाती तो वन्यजीव के लिए गंभीर खतरा पैदा हो सकता था।
भनवारटंक भोगदा का बताया जा रहा वीडियो.. देखें वॉयरल वीडियो..
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के साथ दावा किया जा रहा है कि यह भनवारटंक भोगदा का है। बिलासपुर-कटनी रेल मार्ग का यह क्षेत्र वन क्षेत्र से घिरा होने के कारण यहां जंगली जानवरों की आवाजाही होती रहती है। ऐसे में रेलवे ट्रैक और टनल के आसपास वन्यजीवों की मौजूदगी को पूरी तरह असामान्य नहीं माना जा सकता।
हालांकि, वीडियो किस स्थान पर बनाया गया, घटना किस तारीख की है और इसमें दिखाई दे रहा तेंदुआ वास्तव में भनवारटंक क्षेत्र का ही है या नहीं, इसकी अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए वायरल वीडियो से जुड़े दावों को फिलहाल पुष्टि के इंतजार में ही देखा जा रहा है।
वन विभाग को दी गई सूचना, निगरानी बढ़ाने की जरूरत..
तेंदुए के टनल में दिखाई देने की जानकारी वन विभाग तक पहुंचने की बात सामने आई है। इसके बाद संबंधित क्षेत्र में तेंदुए की मौजूदगी और उसकी गतिविधियों को लेकर जानकारी जुटाई जा रही है। यदि तेंदुए की मौजूदगी की पुष्टि होती है तो वन विभाग द्वारा क्षेत्र में निगरानी बढ़ाई जा सकती है।
वन्यजीव विशेषज्ञों का मानना है कि जंगल से गुजरने वाले रेल मार्गों पर वन्यजीवों की आवाजाही को देखते हुए रेलवे और वन विभाग के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है। खासकर ऐसे स्थानों पर जहां जंगल और रेलवे ट्रैक एक-दूसरे के करीब हैं, वहां वन्यजीवों की गतिविधियों पर नजर रखने से दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है।
एक वीडियो ने उठाया वन्यजीव सुरक्षा का बड़ा सवाल.. देखें वॉयरल वीडियो..
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ यह वीडियो भले ही कुछ सेकंड का हो, लेकिन इसने रेल मार्ग पर वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर बड़ा सवाल जरूर खड़ा किया है। जंगलों से होकर गुजरने वाली रेल लाइनों पर हाथी, तेंदुआ, भालू और अन्य वन्यजीवों की आवाजाही कई बार सामने आती रही है। ऐसे में रेलवे ट्रैक पर वन्यजीवों की मौजूदगी की सूचना मिलने पर तत्काल सतर्कता और ट्रेन की गति नियंत्रित करना दुर्घटना रोकने में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
फिलहाल इस पूरे मामले में सबसे अहम बात वायरल वीडियो की सत्यता और स्थान की आधिकारिक पुष्टि है। वन विभाग और संबंधित अधिकारियों की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि वीडियो वास्तव में भनवारटंक भोगदा का है या किसी अन्य स्थान का। यदि भनवारटंक क्षेत्र में तेंदुए की मौजूदगी की पुष्टि होती है तो रेल मार्ग के आसपास उसकी गतिविधियों पर नजर रखना रेलवे यात्रियों के साथ-साथ वन्यजीव की सुरक्षा के लिए भी जरूरी होगा।







