वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए जागरूकता जरूरी, मानव-वन्यजीव सह-अस्तित्व का दिया संदेश..

वन्य प्राणी संरक्षण सप्ताह शुरू : जिला पंचायत सदस्य ने फ्लैग दिखाकर रैली को किया रवाना, घरघोड़ा से तमनार तक निकली जागरूकता रैली..

रायगढ़। वन्य प्राणी संरक्षण सप्ताह के तहत जिले में वन्यजीवों के संरक्षण और आमजन को जागरूक करने के उद्देश्य से अभियान की शुरुआत की गई। 2 से 8 अक्टूबर तक चलने वाले संरक्षण सप्ताह के पहले दिन उप वनमंडल कार्यालय घरघोड़ा से वन परिक्षेत्र तमनार तक वन्यजीव जागरूकता रैली निकाली गई। जिला पंचायत सदस्य महोदय ने फ्लैग दिखाकर रैली को रवाना किया। रैली के माध्यम से लोगों से वन्यजीवों के प्रति सहानुभूति और संवेदनशीलता रखने की अपील की गई।

रैली के दौरान लोगों को संदेश दिया गया कि वन्यजीव हमारे प्राकृतिक पर्यावरण और पारिस्थितिकी तंत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। जंगल अथवा वन क्षेत्र के आसपास वन्यजीव दिखाई देने पर उनके करीब जाने, उन्हें घेरने, छेड़ने या भीड़ लगाने से बचना चाहिए। वन्यजीव की मौजूदगी की सूचना तत्काल वन विभाग को देने और विभाग के सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की गई।

शिकार और वन्यजीवों को नुकसान पहुंचाना कानूनन अपराध..

जागरूकता अभियान के दौरान वन्यजीव संरक्षण से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी भी आम लोगों तक पहुंचाने पर जोर दिया गया। वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 के तहत संरक्षित वन्यजीवों का शिकार करना, उन्हें पकड़ना, मारना या उनके अंगों का अवैध कारोबार करना अपराध है। ऐसे मामलों में कानून के अनुसार कार्रवाई और सजा का प्रावधान है।

वन क्षेत्र के आसपास फसल या मवेशियों की सुरक्षा के लिए वन्यजीवों को नुकसान पहुंचाने वाले तरीकों का इस्तेमाल भी गंभीर खतरा पैदा कर सकता है। फंदे, करंट या अन्य खतरनाक साधनों से वन्यजीवों के साथ-साथ इंसानों और पालतू पशुओं की जान भी खतरे में पड़ सकती है। ऐसी किसी घटना या गतिविधि की जानकारी मिलने पर स्वयं कार्रवाई करने के बजाय वन विभाग को सूचित करने की अपील की गई।

संघर्ष कम करने में ग्रामीणों की भूमिका अहम..

मानव और वन्यजीवों के बीच बढ़ते संपर्क के बीच जागरूकता को संघर्ष कम करने का महत्वपूर्ण माध्यम माना जा रहा है। जंगलों के आसपास रहने वाले ग्रामीण यदि वन्यजीवों की मौजूदगी की सूचना समय पर दें और सुरक्षित दूरी बनाए रखें तो कई अप्रिय घटनाओं को रोका जा सकता है।

देखें वीडियो..

वन्य प्राणी संरक्षण सप्ताह का संदेश यही है कि वन्यजीवों के प्रति संवेदनशीलता, कानून की जानकारी और जिम्मेदार व्यवहार से ही इंसान और वन्यजीव दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है। सप्ताह के दौरान जागरूकता गतिविधियों के माध्यम से लोगों को वन्यजीवों के महत्व और संरक्षण में उनकी भूमिका के प्रति जागरूक किया जा रहा है।