रतनपुर पुलिस ने झपटमारी गिरोह का किया पर्दाफाश, सीसीटीवी फुटेज से पहुंची आरोपियों तक ; 8 हजार रुपये बरामद..

बिलासपुर। चलती बस में भीड़ और धक्का-मुक्की का फायदा उठाकर यात्रियों के गहने पार करने वाले एक कथित गिरोह का रतनपुर पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 7 महिलाओं और 2 पुरुषों समेत कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 8 हजार रुपये नकद बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए कुछ आरोपी पहले भी उठाईगिरी और झपटमारी के मामलों में जेल जा चुके हैं। मामले में पुलिस ने संगठित अपराध से संबंधित धाराओं के तहत भी कार्रवाई की है।
बिलासपुर से बस में सवार हुईं महिलाएं, रतनपुर पहुंचते ही गायब मिली चेन..
मामला 2 अगस्त का है। बांकीमोंगरा निवासी भगवान राम प्रधान अपनी पत्नी गीता प्रधान के साथ किसी काम से बिलासपुर आए थे। काम पूरा करने के बाद दोनों ने बांकीमोंगरा लौटने के लिए नेहरू चौक बिलासपुर से बस पकड़ी। गीता प्रधान ने गले में सोने की चेन पहन रखी थी।
महामाया चौक बिलासपुर के पास कुछ महिलाएं भी बस में सवार हुईं। बस में भीड़ होने के कारण भगवान राम और उनकी पत्नी को सीट नहीं मिली और वे खड़े होकर सफर कर रहे थे। इसी दौरान बस में सवार महिलाओं ने उनके आसपास धक्का-मुक्की शुरू कर दी। भीड़ के बीच गीता प्रधान को भी घेरकर धक्का दिया गया।
कुछ देर बाद महिलाएं शनिचरी चौक रतनपुर के पास बस से उतर गईं। बस खाली होने के बाद जब भगवान राम और उनकी पत्नी को सीट मिली तो गीता प्रधान ने अपने गले पर हाथ लगाया। सोने की चेन गायब थी। इसके बाद उन्होंने रतनपुर थाने पहुंचकर घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई।
सीसीटीवी ने खोला झपटमारी का राज..
सोने की चेन झपटमारी की घटना को गंभीरता से लेते हुए रतनपुर पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस टीम ने शनिचरी चौक रतनपुर से लेकर महामाया चौक बिलासपुर तक लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। फुटेज में बस में चढ़ने और उतरने वाली संदिग्ध महिलाओं की गतिविधियां सामने आईं।
फुटेज के आधार पर पुलिस ने उनकी पहचान का प्रयास किया। जांच में संदिग्ध महिलाओं का संबंध कोनकोना, थाना बांगो, जिला कोरबा से सामने आया। इसके बाद रतनपुर पुलिस की टीम ने कोनकोना पहुंचकर घेराबंदी की और वहां से सात महिलाओं तथा दो पुरुषों को हिरासत में लेकर पूछताछ के लिए थाने लाया।
पूछताछ में गिरोह बनाकर वारदात करने की बात सामने आई..
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे एक साथ बस में सवार हुए थे और भीड़ का फायदा उठाकर महिला के गले से चेन चोरी करने के इरादे से धक्का-मुक्की की गई। मौका मिलते ही चेन पार कर दी गई।
पूछताछ में आरोपियों ने कथित तौर पर चेन को 20 हजार रुपये में एक अन्य महिला को बेचने की बात बताई। पुलिस के अनुसार, बिक्री की रकम में से 12 हजार रुपये खर्च किए जा चुके थे, जबकि आरोपियों के कब्जे से 8 हजार रुपये बरामद किए गए।
पहले भी जेल जा चुके हैं आरोपी..
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में कुछ के खिलाफ पहले भी उठाईगिरी और झपटमारी के मामले दर्ज रहे हैं और वे पूर्व में जेल जा चुके हैं। पुलिस अब आरोपियों के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड के साथ-साथ इस गिरोह से जुड़ी अन्य वारदातों की भी जानकारी जुटा रही है।
पुलिस ने मामले में गिरफ्तार अंजली गिरी (25), लोहारिन बाई (50), सुनीता गिरी (30), रामबाई (40), प्रीति गिरी (30), शिवानी (20), देवी गिरी (20), नरेश गिरी (35) और राम गिरी (20) को न्यायालय में पेश किया। न्यायालय के आदेश पर सभी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
एक अन्य आरोपी की तलाश जारी..
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में एक अन्य महिला सुरतनी गिरी, निवासी रामनगर, थाना कुसमी का नाम भी सामने आया है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। वहीं गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर यह भी पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि गिरोह ने इससे पहले बसों या भीड़भाड़ वाले स्थानों पर कितनी वारदातें की हैं।
बस यात्रियों के लिए भी बढ़ी चिंता..
इस कार्रवाई ने यह भी सामने ला दिया है कि भीड़भाड़ वाली बसों में सफर करने वाले यात्रियों को सतर्क रहने की जरूरत है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि यात्रा के दौरान गहने, मोबाइल, पर्स और अन्य कीमती सामान को सुरक्षित रखें तथा संदिग्ध गतिविधि नजर आने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें।
रतनपुर पुलिस की इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक निलेश पाण्डेय, प्रधान आरक्षक बलदेव सिंह, आरक्षक अखिलेश पारकर, मोरध्वज चन्द्रा और महिला आरक्षक अंजेला खलखो की विशेष भूमिका रही।







