

बिलासपुर । छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में आदतन अपराधियों और माफियाओं के खिलाफ पुलिस ने अब तक का सबसे सघन और कड़ा अभियान छेड़ दिया है। पुलिस उप महानिरीक्षक (DIG) एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) रजनेश सिंह (IPS) के कड़े निर्देशों के बाद बिलासपुर पुलिस पूरी तरह से ‘एक्शन मोड’ में आ गई है। यह सिर्फ एक रूटीन चेकिंग नहीं है, बल्कि जिले से अपराध के पूरे नेटवर्क को जड़ से उखाड़ फेंकने की एक सुनियोजित और बड़ी पहल है।

250 बदमाशों की कुंडली तैयार, हर गतिविधि पर पैनी नजर..
जिले के सभी थाना क्षेत्रों में पुलिस ने पिछले एक साल के रिकॉर्ड खंगालकर ऐसे 250 आदतन अपराधियों को चिन्हित किया है। ये वो अपराधी हैं जो पहले अवैध हथियार (देसी कट्टा, पिस्टल) रखने और गंभीर मारपीट जैसी घटनाओं में शामिल रहे हैं या जिनके खिलाफ पिछले एक वर्ष में थानों में लगातार शिकायतें मिली हैं। इन सभी की पूरी हिस्ट्रीशीट खंगाली जा रही है। पुलिस की विशेष टीमें लगातार इनके ठिकानों पर दबिश दे रही हैं और इनकी हर छोटी-बड़ी गतिविधि का पुलिस के रडार पर सूक्ष्म विश्लेषण किया जा रहा है।
80 पर गिरी गाज, BNSS और आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई..
इस सघन चेकिंग और रेड अभियान के दौरान पुलिस ने संदिग्ध गतिविधियों और अवैध हथियार रखने वाले 80 व्यक्तियों पर कड़ा प्रहार किया है। इन सभी के खिलाफ आर्म्स एक्ट और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की कठोर धाराओं के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई है, ताकि इनके हौसले पस्त किए जा सकें।
संगठित माफियाओं पर कस रहा शिकंजा..
बिलासपुर पुलिस का यह अभियान सिर्फ छुटभैये बदमाशों तक सीमित नहीं है। संगठित अपराध करने वाले सिंडिकेट जैसे खनिज माफिया, ड्रग माफिया, भू-माफिया और शराब तस्करी में शामिल रहे लोगों की भी एक विशेष सूची तैयार की गई है। इन माफियाओं की पुरानी गतिविधियों को फिर से खंगाला जा रहा है और इनके खिलाफ एक बड़े और निर्णायक एक्शन की रूपरेखा तैयार कर ली गई है।
अपराधियों को SSP की खुली चेतावनी : ‘संपत्ति होगी जब्त’..
इस रेड और चेकिंग अभियान के साथ ही पुलिस ने आदतन अपराधियों को एक बेहद सख्त चेतावनी भी जारी की है। पुलिस का स्पष्ट संदेश है कि यदि भविष्य में कोई भी चिन्हित अपराधी किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि में शामिल पाया गया, तो उसके खिलाफ सिर्फ सामान्य कानूनी धाराओं में केस दर्ज कर खानापूर्ति नहीं की जाएगी। बल्कि, संगठित अपराध और अवैध गतिविधियों से अर्जित की गई उनकी पूरी संपत्ति भी कुर्क कर ली जाएगी।



