बिलासपुर में पुलिस का बड़ा एक्शन : गुंडे-बदमाशों के ठिकानों पर एक साथ दबिश, 90 संदिग्ध हिरासत में ; 12 भेजे गए जेल..

बिलासपुर।शहर में अपराध और असामाजिक गतिविधियों को रोकने के लिए पुलिस ने एक बड़ा कदम उठाया है। शहर की शांति व्यवस्था बनाए रखने के मकसद से बिलासपुर पुलिस ने सभी थाना क्षेत्रों में एक साथ विशेष अभियान चलाया। इस दौरान पुलिस की अलग-अलग टीमों ने गुंडे-बदमाशों के ठिकानों पर जाकर दबिश दी। पुलिस की इस ताबड़तोड़ कार्रवाई से अपराधियों में हड़कंप मचा रहा। अभियान के तहत पुलिस ने अलग-अलग इलाकों से कुल 90 संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया। इन सभी संदिग्धों को थाने लाकर पुलिस ने उनसे पूछताछ की। पुलिस का यह अभियान शहर में कानून व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए किया गया है।

76 बदमाशों पर कसी नकेल..

शहर में लगातार हो रही घटनाओं को देखते हुए पुलिस ने आदतन अपराधियों की लिस्ट निकाली थी। इसी के आधार पर यह पूरी कार्रवाई की गई। पुलिस टीमों ने अपने-अपने इलाकों में चेकिंग और धरपकड़ की। इस दौरान 76 ऐसे गुंड़ों, बदमाशों और चाकूबाजी की घटनाओं में शामिल रहने वाले लोगों को पकड़ा गया, जिन पर पहले से कई मामले दर्ज हैं। इन सभी के खिलाफ पुलिस ने प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है।

पुलिस ने चेतावनी दी है कि शहर का माहौल बिगाड़ने वालों को किसी भी हाल में छोड़ा नहीं जाएगा। पुलिस की इस कार्रवाई से ऐसे लोगों में डर का माहौल है जो अक्सर विवाद और मारपीट करते हैं।

हथियार के साथ दो गिरफ्तार, 12 गए जेल..

पुलिस की इस चेकिंग और धरपकड़ के दौरान दो आरोपियों को अवैध धारदार हथियार के साथ पकड़ा गया है। इन दोनों के पास से हथियार बरामद होने के बाद पुलिस ने आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। वहीं, इस पूरे अभियान के तहत कुल 12 आरोपियों को पुलिस ने न्यायालय में पेश किया। कोर्ट के आदेश के बाद इन सभी 12 आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने बताया कि अपराधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है।

आगे भी चलेगा ऐसा अभियान..

अपराधियों के खिलाफ चलाए गए इस बड़े अभियान को लेकर पुलिस अधिकारियों ने बताया है कि यह कार्रवाई यहीं नहीं रुकेगी। शहर में अपराध पर लगाम लगाने और आम लोगों को सुरक्षित माहौल देने के लिए इस तरह के विशेष अभियान आगे भी लगातार चलाए जाते रहेंगे।

पुलिस का मुख्य उद्देश्य असामाजिक तत्वों और बदमाशों के मन में कानून का डर बनाए रखना है, ताकि शहर में शांति बनी रहे और लोग खुद को सुरक्षित महसूस करें। सभी थाना प्रभारियों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने क्षेत्रों में गश्त बढ़ाएं और संदिग्ध लोगों पर नजर रखें।