मेधावी विद्यार्थियों का हुआ भव्य सम्मान, शांता फाउंडेशन ने बढ़ाया प्रतिभाओं का उत्साह..

उत्कृष्ट छात्र सम्मान समारोह-2026 में 80 के करीब विद्यार्थियों को किया गया सम्मानित, शिक्षा और समाजसेवा के क्षेत्र में संस्था की पहल की सराहना..

बिलासपुर। शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने और उनकी प्रतिभा को सम्मान देने के उद्देश्य से शांता फाउंडेशन द्वारा सिंधु भवन, तोरवा में ‘उत्कृष्ट छात्र सम्मान समारोह-2026’ का भव्य आयोजन किया गया। समारोह में जिले के विभिन्न विद्यालयों के मेधावी विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में शिक्षा, स्वास्थ्य, समाजसेवा और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े अनेक गणमान्य नागरिकों की गरिमामयी उपस्थिति रही।

कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इसके पश्चात अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया। समारोह में 10वीं एवं 12वीं बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले लगभग 70 से 80 विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। सम्मान पाकर विद्यार्थियों के चेहरे खुशी से खिल उठे, वहीं अभिभावकों ने भी इस पहल की सराहना की।

समारोह में सेजस मंगला स्कूल, सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय तिलक नगर, मिनीमाता शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय टिकारी तथा शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला देवरी खुर्द के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य केवल सम्मान प्रदान करना नहीं, बल्कि युवाओं को शिक्षा के प्रति प्रेरित करना और उन्हें बड़े लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रोत्साहित करना भी रहा।

मुख्य अतिथि डॉ. विनय पाठक (पूर्व अध्यक्ष, राजभाषा आयोग एवं राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त) ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि सफलता निरंतर मेहनत, अनुशासन और सकारात्मक सोच से प्राप्त होती है। उन्होंने विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए शांता फाउंडेशन द्वारा शिक्षा और समाजहित में किए जा रहे कार्यों की सराहना की।

विशिष्ट अतिथि डॉ. पूनम सिंह ने छात्राओं को महिला स्वास्थ्य एवं मासिक धर्म स्वच्छता के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया और उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया। वहीं जिला परियोजना अधिकारी जितेंद्र कुमार पाटले ने कहा कि कई बार आर्थिक संसाधनों और सही मार्गदर्शन के अभाव में प्रतिभाशाली विद्यार्थी पीछे रह जाते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाते हुए अपने संपर्क विवरण भी साझा किए।

कार्यक्रम में नवल वर्मा (प्रबंधक, श्री शिशु भवन हॉस्पिटल) ने कहा कि विद्यार्थियों की सफलता के पीछे माता-पिता का त्याग, समर्पण और मार्गदर्शन सबसे बड़ी भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि शांता फाउंडेशन शिक्षा, सामाजिक सेवा और गौसेवा जैसे क्षेत्रों में निरंतर सराहनीय कार्य कर रहा है, जो समाज के लिए प्रेरणास्रोत है।

समारोह में रीना झा, सायरा बानो, मनीष लाहोरानी, किशोर विधानी, डॉ. योगेंद्र गुप्ता, डॉ. खुशबू गंभीर, सत्यनारायण अग्रवाल, श्रीवास्तव जी सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी वक्ताओं ने विद्यार्थियों को जीवन में बड़े लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ने और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने का संदेश दिया।

शांता फाउंडेशन के संस्थापक नीरज गेमनानी ने अपने संबोधन में कहा कि संस्था पिछले कई वर्षों से शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक जागरूकता एवं जरूरतमंदों की सहायता के क्षेत्र में निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रतिभाओं को मंच और सम्मान देना समाज के उज्ज्वल भविष्य में निवेश करने जैसा है। आने वाले समय में भी संस्था समाजहित के कार्यों को और व्यापक स्तर पर संचालित करेगी।

कार्यक्रम को सफल बनाने में सृष्टि सिंह, हीरानंद छुगानी, जसमीत टूटेजा, अनिता तिवारी, शिवा नामदेव एवं अमित सुखवानी सहित संस्था के सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। अंत में सृष्टि सिंह ने सभी अतिथियों, अभिभावकों एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

शांता फाउंडेशन का यह आयोजन केवल सम्मान समारोह नहीं, बल्कि प्रतिभाओं को पहचान देने, उनका आत्मविश्वास बढ़ाने और शिक्षा के प्रति सकारात्मक वातावरण तैयार करने की एक सार्थक पहल साबित हुआ। संस्था ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहन देकर समाज में सकारात्मक बदलाव की मजबूत नींव रखी जा सकती है।