छत्तीसगढ़ में अधिकारियों और कर्मचारियों के ट्रांसफर पर लगी रोक, राज्य सरकार ने जारी किया आदेश ; जानिए क्या है वजह..

रायपुर। छत्तीसगढ़ में राज्य सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर एक बड़ा फैसला लेते हुए प्रदेशभर में अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादलों (Transfer) पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। राज्य शासन की ओर से जारी सख्त आदेश के मुताबिक, यह पाबंदी उन सभी अधिकारी-कर्मचारियों पर लागू होगी, जिनकी ड्यूटी ‘जनगणना 2027’ (Census 2027) के महाभियान में लगाई गई है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि यह तबादला बैन तब तक प्रभावशील रहेगा, जब तक प्रदेश में जनगणना का पूरा काम विधिवत संपन्न नहीं हो जाता।

मोदी सरकार का मेगा प्लान : देश की 16वीं जनगणना..

केंद्र की मोदी सरकार ने वर्ष 2027 में पूरे देश में जनगणना कराने का निर्णय लिया है। यह देश की 16वीं आधिकारिक जनगणना होगी। राष्ट्रीय स्तर के इस संवेदनशील काम को त्रुटिरहित और समय-सीमा में पूरा करने के लिए छत्तीसगढ़ में भी शासन-प्रशासन ने युद्ध स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं। राज्य सरकार का मानना है कि कर्मचारियों के ट्रांसफर से जनगणना के सुचारू संचालन में बाधा आ सकती है, इसलिए डेटा कलेक्शन से जुड़े अमले को स्थिर रखने का फैसला लिया गया है।

1 से 30 मई तक घर-घर दस्तक देंगे सर्वेयर..

जनगणना कार्ययोजना के तहत मैदानी स्तर पर सबसे अहम चरण मई महीने में शुरू होने जा रहा है। 1 मई से 30 मई के बीच सर्वेयर (प्रगणक और पर्यवेक्षक) प्रदेश के हर शहर, कस्बे और गांव में डोर-टू-डोर जाकर आंकड़े जुटाएंगे। इस वृहद सर्वे कार्य के लिए शिक्षा, राजस्व, स्वास्थ्य और पंचायत विभाग के हजारों कर्मचारियों की फौज को मैदान में उतारा जा रहा है। डेटा की प्रमाणिकता और निरंतरता बनी रहे, इसलिए सर्वे से जुड़े किसी भी कर्मचारी को उसकी वर्तमान जगह से नहीं हटाया जाएगा।

विशेष परिस्थिति में ही मिलेगी तबादले की छूट.. देखें आदेश..

शासन द्वारा जारी निर्देश में स्पष्ट किया गया है कि सामान्य परिस्थितियों में किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के स्थानांतरण आवेदन को स्वीकार नहीं किया जाएगा।हालांकि, आदेश में यह भी क्लॉज जोड़ा गया है कि यदि कोई मामला ‘अति आवश्यक’ या ‘विशेष परिस्थिति’ (जैसे- गंभीर बीमारी या अनिवार्य प्रशासनिक आवश्यकता) का हो, केवल तभी उच्च स्तर की अनुमति के बाद ट्रांसफर पर विचार किया जा सकेगा।

राष्ट्रीय कार्य में कोताही बर्दाश्त नहीं..

सरकार के इस फैसले के बाद प्रदेश के उन हजारों कर्मचारियों के तबादले फिलहाल अटक गए हैं, जो अपनी पोस्टिंग बदलने की राह देख रहे थे।

प्रशासन का साफ संदेश है कि राष्ट्रीय महत्व के इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी है। जब तक जनगणना 2027 के आंकड़े पूरी तरह संकलित होकर अंतिम रूप नहीं ले लेते, तबादलों पर यह रोक कड़ाई से लागू रहेगी।