शहर के सभी मंदिरों में नवरात्रि की तैयारी जोरों पर ,,


बिलासपुर। श्री पीताम्बरा पीठ’’ त्रिदेव मंदिर, सुभाष चौक, सरकण्डा में शारदीय नवरात्र उत्सव 15 अक्टूबर रविवार से 23 अक्टूबर सोमवर तक मनाया जायेगा। ’’पीताम्बरा पीठाधीश्वर’’ आचार्य दिनेश ने बताया कि, श्री पीताम्बरा हवनात्मक महायज्ञ 18 जून से 27 नवम्बर 2०23 तक निरंतर चलता रहेगा, जिसमें 36 लाख श्री बगलामुखी देवी के मंत्र से आहुति दिया जा रहा है। आश्विन शुक्ल पक्ष प्रतिपदा 15 अक्टूबर शारदीय नवरात्र आरम्भ, कलश स्थापना, मनोकामना अखण्ड घृत ज्योति कलश प्रज्ज्वलित अभिजीत मुर्हत में दिनमान 11:36 से दिनमान 12:24 तक किया जायेगा। महाअष्टमी 22 अक्टूबर रविवार कन्यापूजन महानवमीं 23 अक्टूबर सोमवार कन्यापूजन, भण्डारा नवरात्रि समापन, विजयादशमी 24 अक्टूबर, मंगलवार शमी-अपराजिता शस्त्रादि-आयुध पूजन किया जायेगा।


इस दौरान सुबह 5 बजे श्री रुद्राभिषेक एवं श्र्महाकाली, महालक्ष्मी,महासरस्वती, नवदुर्गा, श्रीयंत्र, श्री ब्रम्हशक्ति बगलामुखी देवी अभिषेक, पूजन, महाआरती। प्रात:8 बजे – यज्ञ मण्डप स्थित अवाहित देवी देवता पूजन। 9 बजे – श्री दुर्गासप्तशती पाठ संध्या 6:3० बजे- महाआरती व रात्रि 8:3० बजे से 1:3० बजे तक – श्री पीताम्बरा हवनात्मक महायज्ञ महाआरती की जाएगी। मंदिर में मनोकामना अखण्ड घृत ज्योति कलश सहयोग राशि 31सौ रुपये और मनोकामना अखण्ड घृत ज्योति कलश आजीवन सदस्यता 51 हजार रुपये है।

शीतला मंदिर में तैयारी अंतिम चरण में
शहर के सैकड़ों वर्ष पुरानी सिद्ध शक्तिपीठ शीतला माता मंदिर में नवरात्र में मनोकामना ज्योति कलश प्रज्वलित की जाएगी। ेपर्व की तैयारियां अंतिम चरण में है। मंदिर में मंदिर दूर दूर से भक्त जयोति प्रज्वलित कराते हैं। अखंड ज्योति की नौ दिनों तक विशेष पूजा अर्चना की जाती है।
काली मंदिर में
तिफरा स्थित सिद्ध पीठ मां काली मंदिर में नवरात्रि की तैयारी जोर शोर से की जा रही है। रंग रोगन का कार्य अंतिम चरण में है। मंदिर में 31 सौ से अधिक तेल व ाृत कलश जलने की संभावना है। दूर दूर से भक्त अपनी मोनाकामना की अर्जी लेकर ज्योति प्रज्जवलिक करवाने रसीदे कटवा रहे हैं। नवरात्र के पहले दिन मां काली का पूजन एवं श्रृंगार सुबह 5:०० किया जाएगा । पूरे नौ दिनों तक नियमित पूजा पाठ सेवा गीत व दुर्गा सप्सशती का पाठ किया जाएगा।