अस्ताचल सूर्य को किया प्रणाम,, उगते सूर्य को अर्घ्य देकर की गई व्रत की पारणा,, सूर्य उपासना का छठ महापर्व धूमधाम से मनाया गया

बिलासपुर।सूर्य उपासना का छठ महापर्व सोमवार सुबह 6:21मिनट पर उदित सूर्य देव को अर्घ्य प्रदान कर संपन्न किया गाय। इसके लिए व्रती तड़के सुबह ही घाट पर पहुचे और उगते सूर्य को अर्थ देकर परिवार की खुशहाली के लिए मंगल कामना की। नहाए खाए से शुरू हुए पर्व के दूसरे दिन खरना का प्रसाद बनाकर ग्रहण किया जिसके पास 36 घंटे का निर्जला व्रत शुरू हुआ। छठ पर्व पर शुद्धता का पूरा ध्यान रखा जाता है संतान प्राप्ति और परिवार की मंगल कामना के लिए महिलाएं यह व्रत रखती हैं।

आसमा सिटी छठ पूजा उत्सव समिति में भी इस पर्व को बड़े ही धूमधाम से वह श्रद्धा भाव से मनाया गया जहां संस्था के संस्थापक धीरज झा और मनीषा झा अध्यक्ष निखिलेश विठ्ठलकर और संरक्षक अनिल उपाध्याय के नेतृत्व में कॉलोनी के बड़ी संख्या में महिलाओं ने इस पूजन में भाग लिया ।रविवार शाम अस्ताचल चल सूर्य को अर्घ्य दिया गया ।इसके लिए बाजे गाजे के साथ वृद्धि महिलाएं घाट पर पहुंचे उनके साथ घर के पुरुष भी बाजे गाजे के साथ सर में दऊरा लेकर पहुंचे जहां घाट में गन्ने का मंडप सजाकर चौरा में प्रसाद का सूप रख कर दीप आरती की गई ।शाम 5:30 पर दूध एवं जल का अर्घ्य प्रदान कर भगवान सूर्य को प्रणाम किया गया वह जगत की खुशहाली की कामना की गई। वहीं सोमवार को उगते हुए सूर्य को एक बार फिर कमर तक पानी में खड़े होकर जल और दूध का अर्घ्य दिया, और सभी के लिए मंगल कामना की। इसके बाद दूध और शरबत से व्रतधारियों ने व्रत की पारणा की।आयोजन के दौरान बड़ी संख्या में कॉलोनी वासी उपस्थित थे।